खलवापुर (औलाई)
जनपद के खलवापुर क्षेत्र में पैतृक संपत्ति को लेकर एक ही परिवार के भीतर गंभीर विवाद सामने आया है। जहां एक ओर दो सगे भाइयों के बीच जमीन को लेकर आपसी सहमति से समझौता हुआ, वहीं दूसरी ओर परिवार की बहन ने अपने ही भाइयों पर मारपीट, प्रताड़ना और घर से बेदखल करने जैसे गंभीर आरोप लगाए हैं।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, प्रथम पक्ष रमेश कश्यप और द्वितीय पक्ष चन्द्रशेखर व राजेश के बीच दिनांक 3 मार्च 2025 को एक लिखित समझौता हुआ था। इस समझौते में यह स्पष्ट किया गया कि पैतृक जमीन पर रमेश अपना मकान स्वतंत्र रूप से बनवा सकते हैं और इस पर अन्य भाइयों को कोई आपत्ति नहीं होगी। साथ ही यह भी तय हुआ कि भविष्य में रमेश के खान-पान या जीवनयापन की जिम्मेदारी द्वितीय पक्ष की नहीं रहेगी और सभी अपने-अपने जीवनयापन के लिए स्वतंत्र होंगे।
हालांकि इस समझौते के बावजूद मामला शांत नहीं हुआ। परिवार की बहन वंदना देवी ने आरोप लगाया है कि उनके दोनों भाई उन्हें घर में रहने नहीं दे रहे हैं और झूठे आरोप लगाकर मानसिक एवं शारीरिक रूप से प्रताड़ित कर रहे हैं। वंदना का कहना है कि जब उन्होंने अपने अधिकार की बात उठाई तो उनके साथ मारपीट की गई, उनका मोबाइल छीन लिया गया और उन्हें कई बार पुलिस चौकी तक घसीटा गया।
वंदना ने यह भी आरोप लगाया कि पुलिस की मौजूदगी में एक बार समझौता कराया गया था, लेकिन उसके बाद भी उत्पीड़न जारी है। उन्होंने बताया कि उनके पिता द्वारा तीन अलग-अलग स्थानों पर संपत्ति दी गई थी, लेकिन अब उन्हें कहीं भी रहने नहीं दिया जा रहा। विरोध करने पर गाली-गलौज और मारपीट की जाती है।
घटना में पड़ोसियों के शामिल होने के भी आरोप लगाए गए हैं। वंदना का कहना है कि उनके साथ बच्चों और अन्य महिलाओं के सामने भी अभद्र व्यवहार किया गया, जिससे वह भयभीत हैं और न्याय की मांग कर रही हैं।
फिलहाल यह मामला क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है। पीड़िता ने प्रशासन से हस्तक्षेप कर न्याय दिलाने की गुहार लगाई है। यदि समय रहते इस विवाद का समाधान नहीं किया गया तो यह पारिवारिक मामला और अधिक गंभीर रूप ले सकता है।

