डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया है कि ईरान और अमेरिका के बीच सीजफायर अभी जारी है, लेकिन इसके टूटने पर बड़े स्तर पर जवाबी कार्रवाई होगी। बता दें कि ईरान ने ‘स्ट्रेट ऑफ होर्मुज’ के पास अमेरिका के 3 युद्धपोतों को निशाना बनाया था।वॉशिंगटन डीसी: अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया है कि ईरान और अमेरिका के बीच घोषित ‘सीजफायर’ अभी भी लागू है, भले ही दोनों के बीच ‘स्ट्रेट ऑफ होर्मुज’ के पास सैन्य झड़पें हुई हों। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर यह समझौता टूटा तो इसका असर ‘स्पष्ट और बड़े स्तर पर’ दिखाई देगा। वॉशिंगटन में लिंकन मेमोरियल रिफ्लेक्टिंग पूल के पास मीडिया से बातचीत के दौरान ट्रंप ने कहा, ‘आपको यह पता करने की जरूरत नहीं पड़ेगी कि सीजफायर खत्म हुआ या नहीं। बस ईरान से उठता हुआ रोशनी का पहाड़ देख लेंगे।”हमें उकसाने की कोशिश की गई’
ट्रंप ने कहा कि हाल की झड़पों में अमेरिकी सेना ने तेजी से जवाब दिया और विरोधी ताकतों को बड़ा नुकसान पहुंचाया। उन्होंने कहा, ‘उन्होंने हमें उकसाने की कोशिश की, आज उन्होंने हमारे साथ खेला, और हमने उन्हें पूरी तरह जवाब दिया।’ उन्होंने इसे हल्के अंदाज में ‘छोटी हरकत’ बताते हुए कहा कि अमेरिकी सेना ने जवाब में कड़ा प्रहार किया। ट्रंप ने यह भी कहा कि ईरान के साथ किसी समझौते की संभावना अभी खत्म नहीं हुई है। उन्होंने कहा, ‘डील हो भी सकती है और नहीं भी, और यह किसी भी दिन हो सकती है।’
अमेरिका के 3 युद्धपोतों पर हुए हमले
अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने बताया कि अमेरिकी सेना ने ईरानी सैन्य ठिकानों पर सटीक हमले किए, जो कथित तौर पर अमेरिकी नौसेना के जहाजों पर हमलों में इस्तेमाल हो रहे थे। CENTCOM के मुताबिक, अमेरिकी नौसेना के 3 युद्धपोत यूएसएस ट्रक्सटन (डीडीजी 103), यूएसएस राफेल पेराल्टा (डीडीजी 115) और यूएसएस मेसन (डीडीजी 87) ‘स्ट्रेट ऑफ होर्मुज’ से ओमान की खाड़ी की ओर जा रहे थे, तभी उन पर मिसाइल, ड्रोन और छोटी नावों से हमले किए गए। हालांकि अमेरिका ने कहा कि ‘किसी भी अमेरिकी जहाज को नुकसान नहीं हुआ’ और सभी हमलों को नाकाम कर दिया गया।
‘ईरानी हमलावरों को भारी नुकसान’
ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर लिखा कि 3 अमेरिकी युद्धपोत ‘सफलतापूर्वक होर्मुज जलडमरूमध्य से बाहर निकल गए’, और हमलों से उन्हें कोई नुकसान नहीं हुआ। उन्होंने दावा किया कि अमेरिकी जवाबी कार्रवाई में ईरानी हमलावरों को ‘भारी नुकसान’ हुआ और कई छोटी नावों को तबाह कर दिया गया। ट्रंप ने आगे लिखा कि मिसाइलों और ड्रोन को अमेरिकी डिफेंस सिस्टम ने हवा में ही नष्ट कर दिया, और उन्होंने ईरान को ‘असामान्य देश’ बताते हुए कहा कि इसका नेतृत्व ‘पागल लोग’ कर रहे हैं।

