पंजाब किंग्स के क्रिकेटर शशांक सिंह ने घरेलू सहायक के आरोपों का जवाब दिया है। उन्होंने मारपीट से इनकार किया है। पुलिस ने कहा कि शशांक के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धाराओं 296(B), 115(2) और 3(5) के तहत केस दर्ज किया गया है और पुलिस ने आरोपों की जांच शुरू कर दी है।
भोपालः क्रिकेटर शशांक सिंह ने घरेलू सहायक (कुक) के साथ मारपीट के आरोपों को खारिज किया है। इंडिया टीवी से बातचीत करते हुए शशांक सिंह ने कहा कि मुझे बदनाम करने के लिए कुक ने सोची समझी साजिश रची। कुक के साथ मारपीट तो दूर मैंने किसी को गाली भी नहीं दी। उसके साथ कोई मारपीट नहीं हुई है। शिकायत करने वाला व्यक्ति (कुक) उनके घर के अंदर निजी तस्वीरें और वीडियो ले रहा था। हमने उसे बंधक नहीं बनाया था।
शशांक सिंह ने लगाए कई गंभीर आरोप
शशांक सिंह ने कहा कि उसकी गतिविधियां संदिग्ध थी। घर से गणेश जी की मूर्ति गायब है। रीवा में पता करने पर पता चला कुक संदिग्ध प्रवृत्ति का था। वह नशा करता था। घर पर पिताजी ने जाने से पहले नौकर की रिकॉर्डिंग की थी तब चोट का एक भी निशान नहीं था। एफआईआर साजिश के तहत की गई। उसे खाना बनाना भी नहीं आता था। मां ने बात की तब वह नशे में था। पूरे घर में फोटो खींच रहा था। कुक ने मेरे रूम में घूमकर फोटो क्लिक की ओर फ़ोटो भेजी। दीदी ने कहा था 100 नंबर डायल करो ये चोरी करने आया था। मैंने मना किया कि गरीब आदमी है पुलिस जेल भेज देगी। पैसे कमाने के लिए उसने मुझे डिफेम किया। उसे लगा कि पैसे कमा लूंगा।
बिना वेरिफिकेशन रखा था घरेलू सहायक
इंडिया टीवी से बातचीत में शशांक सिंह ने कहा कि बिना वेरिफिकेशन कुक रखना हमारी सबसे बड़ी भूल थी। हमने जांच पड़ताल नहीं की थी। क्रिकेटर ने यह भी कहा कि यह सच है कि वह रसोइया (कुक) बनकर आया था, लेकिन वह बिल्कुल भी रसोइया नहीं था। उसे खाना बनाना नहीं आता था। वह बस मजे करने आया था। मुझे शक है कि वह चोरी करने के इरादे से आया था। हम बहुत भाग्यशाली हैं कि अब तक की जांच में कुछ भी चोरी नहीं हुआ है। उन्होंने आगे आरोप लगाया कि शिकायतकर्ता के फोन में घर के वीडियो और तस्वीरें मिलीं और कहा कि उनकी मां ने उसे उन्हें डिलीट करने के लिए कहा क्योंकि वे निजी थीं।
पुलिस की तरफ से आया बयान
इस बीच अतिरिक्त DCP (जोन-1) रश्मि अग्रवाल दुबे ने कहा कि मारपीट के आरोप वाली शिकायत के आधार पर पुलिस स्टेशन में FIR दर्ज की गई है। दुबे ने कहा कि मामले में तीन लोगों को आरोपी बनाया गया है। नामों में शैलेश सिंह, उनके बेटे और उनके ड्राइवर शामिल हैं। एफआईआर में शैलेश के बेटे (क्रिकेटर शशांक सिंह) का नाम भी शामिल है।उन्होंने कहा कि शिकायतकर्ता की मेडिकल जांच की गई है और आगे की कार्रवाई मेडिकल रिपोर्ट पर निर्भर करेगी।
