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रेलवे ट्रैक पर फिर पहुंचा 30 हाथियों का झुंड, असम ट्रेन हादसे के बाद बढ़ी चिंता

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पिछले कुछ दिनों से हाथियों की लगातार गतिविधि देखी जा रही है। खास बात यह है कि ये हाथी ज्यादातर शाम के समय ही बाहर निकलते हैं और दिन में जंगल के अंदर ही रहते हैं, जिससे उनकी निगरानी करना अधिकारियों के लिए काफी मुश्किल हो रहा है।
ओडिशा के बलांगीर जिले में रविवार शाम एक बड़ा खतरा सामने आया, जब करीब 30 हाथियों का झुंड तुरेकला रेलवे स्टेशन के पास रेलवे ट्रैक पार करता देखा गया। हाथियों के इस तरह ट्रैक पार करने से रेलवे और वन विभाग दोनों की चिंता बढ़ गई है। जानकारी के अनुसार, यह हाथियों का झुंड आसपास के जंगलों के बीच आवाजाही कर रहा है और उसी दौरान व्यस्त रेलवे लाइन को पार कर रहा है। पिछले कुछ दिनों से तुरेकला ब्लॉक इलाके में हाथियों की लगातार गतिविधि देखी जा रही है। खास बात यह है कि ये हाथी ज्यादातर शाम के समय ही बाहर निकलते हैं और दिन में जंगल के अंदर ही रहते हैं, जिससे उनकी निगरानी करना अधिकारियों के लिए काफी मुश्किल हो रहा है।
रेलवे और वन विभाग हाई अलर्ट पर
यह इलाका कांटाबांजी रेलवे रूट के अंतर्गत आता है, जो कि काफी व्यस्त रेलखंड माना जाता है। इस रूट पर कई एक्सप्रेस ट्रेनें गुजरती हैं। ऐसे में हाथियों का रात में ट्रैक पर आना किसी बड़े हादसे को न्योता दे सकता है। इसी खतरे को देखते हुए रेलवे विभाग और वन विभाग दोनों को हाई अलर्ट पर रखा गया है।

वन विभाग की टीमें हाथियों की गतिविधियों पर लगातार नजर बनाए हुए हैं। इस पूरे अभियान में हाथियों की सुरक्षा वन विभाग और रेलवे अधिकारियों की पहली प्राथमिकता है। जरूरत पड़ने पर ट्रेनों की रफ्तार कम करने और ड्राइवरों को सतर्क करने जैसे कदम भी उठाए जा सकते हैं।
इस मामले को लेकर चिंता इसलिए भी बढ़ गई है क्योंकि हाल ही में असम में एक दर्दनाक ट्रेन हादसे में 8 हाथियों की मौत हो गई थी। हादसे में ट्रेन के पांच डिब्बे और इंजन पटरी से उतर गए थे, हालांकि यात्रियों को कोई चोट नहीं आई थी। इस घटना के बाद ओडिशा के वन अधिकारियों की चिंता और ज्यादा बढ़ गई है। बलांगीर में इतने बड़े झुंड का रेलवे लाइन पार करना किसी भी वक्त बड़ा हादसा बन सकता है।

फिलहाल स्थिति पर कड़ी नजर रखी जा रही है और कोशिश की जा रही है कि हाथियों और ट्रेनों के बीच किसी भी तरह की टक्कर न हो। वन और रेलवे विभाग मिलकर इस संवेदनशील स्थिति से निपटने की तैयारी में जुटे हुए हैं।

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