गया। बिहार के गया जिले के माखोरखाप गांव (थाना – गुरारू थाना) से मारपीट, लूटपाट और दबंगई का सनसनीखेज मामला सामने आया है। वार्ड नंबर 06 की एक महिला पीड़िता के अनुसार, घटना के कई दिन बीत जाने के बावजूद पुलिस की ओर से ठोस कार्रवाई नहीं होने से परिवार भय और असुरक्षा के साए में जी रहा है।
पीड़िता का आरोप है कि विन्दिया देवी, अर्जुन कुमार, पंकज पासवान उर्फ लालू, ललती देवी, पशुराम पासवान, वसंत पासवान और कृष्ण पासवान समेत अन्य लोगों ने गाली-गलौज करते हुए मारपीट की।
ज्ञानचंद पासवान का कहना है कि घटना के बाद से आरोपित लगातार घर पर चढ़कर लाठी और बंदूक के साथ धमकी दे रहे हैं। परिवार के सदस्यों का घर से निकलना मुश्किल हो गया है। उन्होंने बताया कि घर में कोई पुरुष सदस्य नहीं है, जिससे महिलाएं और बच्चे खुद को और अधिक असुरक्षित महसूस कर रहे हैं। पीड़िता ने आरोप लगाया कि सूचना देने के बावजूद पुलिस समय पर नहीं पहुंची और थाना स्तर पर भी सुनवाई नहीं हुई।
पीड़ित पक्ष ने पंकज पासवान, अमित पासवान, अरुण पासवान, चंदन पासवान, रविरंजन पासवान, रवि कुमार, निखिल कुमार, नरेश पासवान, सुरेंद्र पासवान उर्फ नंदू, रामाशीष पासवान, राहुल कुमार, सदेंद्र उर्फ राजू पासवान, नौलेश पासवान, पशुराम पासवान, सूरज कुमार, प्रवीण कुमार, इंदु पासवान, गोरा पासवान, गणेश कुमार और मुन्ना कुमार सहित कई लोगों के नाम लिखित शिकायत में दर्ज कराए हैं।
ज्ञानचंद पासवान ने बताया कि उन्होंने गया पुलिस कार्यालय तथा जिला पदाधिकारी, गया जिला को भी आवेदन दिया है, लेकिन अब तक कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई। उनका आरोप है कि पुलिस की निष्क्रियता से आरोपियों का मनोबल बढ़ा हुआ है।
स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि पीड़ित परिवार लंबे समय से उत्पीड़न झेल रहा है और प्रशासन को मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई करनी चाहिए। वहीं, इस मामले में पुलिस की आधिकारिक प्रतिक्रिया मिलना बाकी है।
