कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया आज अपने पद से इस्तीफा देंगे। इस बीच, जानकारी सामने आई है कि राज्यपाल थावरचंद गहलोत आज बेंगलुरु में नहीं हैं। किसी जरूरी काम से वह मुंबई गए हैं।कर्नाटक के सियासी गलियारों से इस वक्त की बड़ी खबर सामने आ रही है। मुख्यमंत्री सिद्धारमैया के आज अपने पद से इस्तीफा देने की चर्चा है। इस बीच, जानकारी सामने आई है कि राज्यपाल थावरचंद गहलोत आज बेंगलुरु में नहीं हैं। राजभवन सूत्रों के मुताबिक, किसी जरूरी काम से उन्हें मुंबई जाना पड़ गया है।
राज्यपाल की गैर-मौजूदगी के बाद यह बड़ा सवाल खड़ा हो गया है कि अगर मुख्यमंत्री सिद्धारमैया इस्तीफा देना चाहें, तो वह किसे और कैसे सौंपेंगे? इस पर मुख्यमंत्री कार्यालय (CMO) ने स्थिति साफ कर दी है।
मुख्यमंत्री कार्यालय ने कहा कि हम राज्यपाल कार्यालय को अपना इस्तीफा सौंप देंगे। यदि राज्यपाल उपलब्ध नहीं हैं, तो भी हम अपना काम जारी रखेंगे। राज्यपाल की अनुपस्थिति के कारण योजना में कोई बदलाव नहीं होगा।
क्या कहता है नियम?
संवैधानिक नियमों के मुताबिक, अगर राज्यपाल राज्य या शहर से बाहर हों, तो मुख्यमंत्री अपना इस्तीफा राजभवन के सचिव या नामित अधिकारी को सौंप सकते हैं। इसे कानूनी तौर पर वैध माना जाता है और राज्यपाल के वापस लौटते ही या उनकी सहमति मिलते ही इसे स्वीकार कर लिया जाता है।
बनाए जा सकते हैं 3 डिप्टी सीएम
गौरतलब है कि सिद्धारमैया आज यानी गुरुवार सुबह 10.30 बजे मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा देंगे। अब डीके शिवकुमार का सीएम बनना तय है। डीके शिवकुमार कर्नाटक के नए सीएम के तौर पर 30 मई को शपथ लेंगे। वहीं, कर्नाटक में तीन डिप्टी सीएम बनाए जाने की भी चर्चा है। सूत्रों के अनुसार, ये 3 डिप्टी सीएम अनुसूचित जाति, अन्य पिछड़ा वर्ग और महिला वर्ग से बनाए जा सकते हैं। कांग्रेस पार्टी द्वारा जो लोग संभावित उपमुख्यमंत्रियों की दौड़ में शामिल हैं, उनमें दलित कोटा से परमेश्वर/प्रियांक खरगे, अन्य पिछड़ा वर्ग से यतींद्र और लिंगायत से एमबी पाटिल/ईश्वर खंड्रे और अल्पसंख्यक से केजे जॉर्ज/यूटी खादर/जमीर का नाम शामिल है।

