लखनऊ के विकास नगर क्षेत्र की रहने वाली रिंकी मिश्रा के साथ प्रेम, शादी और भरोसे के नाम पर धोखाधड़ी और शोषण का एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। आरोप है कि बलरामपुर में प्राथमिक विद्यालय में तैनात एक प्रिंसिपल ने खुद को तलाकशुदा बताकर महिला को अपने प्रेमजाल में फंसाया और लाखों रुपये के जेवरात व नकदी हड़प ली।
पीड़िता के अनुसार, करीब 30 महीने पहले वर्ष 2023 में वह एक पार्लर में काम करती थी, जहां उसकी मुलाकात विवेक सिंह नाम के व्यक्ति से हुई। बातचीत के दौरान विवेक ने खुद को तलाकशुदा बताते हुए शादी का प्रस्ताव रखा। शुरुआत में रिंकी ने इनकार किया, लेकिन लगातार संपर्क और भरोसा दिलाने के बाद वह उसके करीब आ गई।
बताया जा रहा है कि विवेक सिंह ने शादी का भरोसा देकर रिंकी मिश्रा से उसके पास मौजूद लगभग 2 किलो चांदी और 8 तोला सोना अपने पास रखवा लिया, जिसकी कीमत करीब 20 लाख रुपये बताई जा रही है। इतना ही नहीं, वह हर महीने जरूरत के नाम पर रिंकी की मेहनत की कमाई भी लेता रहा।

मामले ने उस समय गंभीर मोड़ ले लिया जब रिंकी को पता चला कि विवेक सिंह पहले से शादीशुदा है और अपनी पत्नी के साथ रह रहा है। आरोप है कि सरकारी नौकरी में रहते हुए उसने दूसरी महिला को शादी का झांसा देकर न सिर्फ आर्थिक शोषण किया, बल्कि उसके साथ शारीरिक और मानसिक उत्पीड़न भी किया।
पीड़िता ने यह भी आरोप लगाया है कि जब-जब वह गर्भवती हुई, आरोपी ने उसे दवाइयां देकर गर्भपात करवा दिया। इस पूरे घटनाक्रम से आहत रिंकी मिश्रा अब न्याय की मांग कर रही है।
फिलहाल इस मामले को लेकर स्थानीय स्तर पर चर्चा तेज हो गई है। यदि आरोप सही पाए जाते हैं, तो यह मामला न केवल आपराधिक धोखाधड़ी का है, बल्कि एक सरकारी कर्मचारी के आचरण पर भी गंभीर सवाल खड़े करता है।
प्रशासन से पीड़िता को न्याय दिलाने और आरोपी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग उठ रही है।