हरिद्वार से पधारे श्री बृजेश गिरी महाराज नागा बाबा, श्री महंत भूडेर मंडल एवं श्री शंभू पंचायती अटाला अखाड़ा द्वारा मानूवास गांव के उजड़ खेड़ा क्षेत्र के घने जंगलों में 41 दिवसीय धूनी तपस्या की जा रही है। यह तपस्या 13 मई से प्रारंभ होकर 22 जून तक चलेगी। तपस्या का मुख्य उद्देश्य देश और समाज को नशा मुक्त बनाने का संदेश देना है।
नागा बाबा श्री बृजेश गिरी महाराज का कहना है कि सनातन धर्म में नशा निषेध माना गया है, लेकिन आज समाज में नशे की लत सबसे बड़ी सामाजिक बुराई बन चुकी है। युवा पीढ़ी तेजी से इसकी गिरफ्त में आ रही है, जिससे परिवार और समाज दोनों प्रभावित हो रहे हैं। इसी चिंता को लेकर उन्होंने कठिन तपस्या का मार्ग चुना है ताकि लोगों में जागरूकता फैले और समाज नशे से दूर हो सके।

मानूवास गांव के स्थानीय लोगों का कहना है कि 13 मई से पहले इस क्षेत्र में दिन के समय भी आने से लोग डरते थे। घना जंगल और सुनसान इलाका होने के कारण यहां भय का माहौल रहता था, लेकिन अब स्थिति पूरी तरह बदल गई है। आज यहां रात के समय भी लोगों की आवाजाही बढ़ गई है और जंगल में धार्मिक माहौल देखने को मिल रहा है। श्रद्धालुओं का लगातार पहुंचना जारी है।
45 डिग्री की भीषण गर्मी के बीच धूनी के पास बैठकर तपस्या करना लोगों के लिए आस्था और साधना का अद्भुत उदाहरण बन गया है। घने जंगलों के बीच नागा बाबा की यह तपस्या क्षेत्र में चर्चा का विषय बनी हुई है। दूर-दूर से लोग दर्शन करने पहुंच रहे हैं और नशा मुक्त समाज के इस संदेश का समर्थन कर रहे हैं।
श्री बृजेश गिरी महाराज (नागा बाबा) इनका मोबाइल नंबर है
9911922746

