वापी (गुजरात)। बिहार के समस्तीपुर जिले के रहने वाले गजेंद्र मंडल, जो वर्तमान में गुजरात के वापी स्थित सरला परफॉर्मेंस फाइबर्स कंपनी में कार्यरत हैं, अपनी रुकी हुई सैलरी को लेकर गंभीर आर्थिक और मानसिक परेशानी का सामना कर रहे हैं। गजेंद्र मंडल कंपनी के कैंटीन विभाग में पियॉन के पद पर कार्यरत हैं और उपलब्ध जानकारी के अनुसार उन्होंने 1 नवंबर 2024 को कंपनी में अपनी सेवाएं शुरू की थीं। मजदूर का कहना है कि वह पिछले लंबे समय से मेहनत और ईमानदारी के साथ काम कर रहे हैं।
पीड़ित गजेंद्र मंडल के अनुसार उनकी करीब एक महीने दो दिन की सैलरी अब तक नहीं दी गई है। उनका आरोप है कि उनकी मजदूरी का भुगतान रोककर रखा गया है, जिससे उनके सामने रोजमर्रा के खर्चों और परिवार के पालन-पोषण की गंभीर समस्या खड़ी हो गई है। उनका कहना है कि मजदूरी ही उनके परिवार की आय का मुख्य स्रोत है और समय पर वेतन नहीं मिलने से उन्हें आर्थिक संकट का सामना करना पड़ रहा है।
गजेंद्र मंडल ने आरोप लगाया है कि विपिन कुमार जो HR है कंपनी के और वरुण नरोला नामक व्यक्तियों द्वारा उनकी सैलरी रोककर रखी गई है। पीड़ित का कहना है कि कई बार वेतन जारी करने का आग्रह करने के बावजूद अब तक कोई समाधान नहीं निकला है। इससे वह मानसिक रूप से भी परेशान हैं और लगातार चिंता में जी रहे हैं।
मजदूर का कहना है कि उन्होंने हमेशा कंपनी के नियमों का पालन करते हुए पूरी निष्ठा से कार्य किया है, लेकिन इसके बावजूद उनकी मेहनत की कमाई समय पर नहीं मिल रही है। उनका कहना है कि मजदूर वर्ग के लिए समय पर वेतन मिलना सबसे महत्वपूर्ण होता है, क्योंकि इसी के सहारे उनका परिवार चलता है।
गजेंद्र मंडल ने संबंधित अधिकारियों और कंपनी प्रबंधन से उनकी बकाया सैलरी जल्द जारी करने की मांग की है। उनका कहना है कि यदि जल्द समाधान नहीं हुआ तो वह अपने अधिकारों की रक्षा के लिए श्रम विभाग सहित संबंधित सरकारी कार्यालयों का दरवाजा खटखटाने को मजबूर होंगे।

